अगरतला। ।

त्रिपुरा में पहली बार भारतीय जनता पार्टी-इंडीजिनस पीपुल्स फ्रंट ऑफ त्रिपुरा (आईपीएफटी) की गठबंधन सरकार के आठ मार्च को देश के शीर्ष नेताओं की उपस्थिति में शहर के सबसे बड़े स्टेडियम में आयोजित होने वाले एक भव्य समारोह में पद एवं गोपनीयता की शपथ लेने की संभावना है।






भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के अलावा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, गृह मंत्री राजनाथ सिंह, परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी और कई अन्य केन्द्रीय मंत्रियों समेत भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्री भी शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे। भाजपा संसदीय बोर्ड ने पहले ही यह घोषणा की है कि प्रदेश भाजपा अध्यक्ष बिप्लव कुमार देब त्रिपुरा के अगले मुख्यमंत्री होंगे जो देश में भाजपा शासित 20वां राज्य होगा।





पार्टी सूत्रों के अनुसार भाजपा विधायक एक बैठक में अपना नेता चुनेंगे और फिर  सरकार के गठन के लिए औपचारिक दावा राज्यपाल को सौंपेंगे। इस बीच भाजपा के गठबंधन के साथी आईपीएफटी की पार्टी विधायक दल की बैठक हुई, जिसमें उपमुख्यमंत्री के पद की मांग की गयी। आईपीएफटी नेताओं ने कहा कि 1993 के बाद से राज्य में आदिवासी मुख्यमंत्री नहीं बना है। आईपीएफटी ने इस मांग को दोनों दलों की होने वाली बैठक में उठाने की मांग की। भाजपा-आईपीएफटी ने शनिवार को घोषित हुये विधानसभा चुनाव के नतीजों में 43 सीटें जीतकर अभूतपूर्व समर्थन हासिल किया है। जिसके साथ ही राज्य में 25 वर्ष पुराने माक्र्सवादी शासन का भी अंत हो गया।